वाराणसी। अपनी संजीदा अदाकारी के लिए मशहूर बॉलीवुड अभिनेता मोहम्मद जीशान अय्यूब शुक्रवार को अपनी नई फिल्म 'अस्सी' के प्रचार के सिलसि...
वाराणसी। अपनी संजीदा अदाकारी के लिए मशहूर बॉलीवुड अभिनेता मोहम्मद जीशान अय्यूब शुक्रवार को अपनी नई फिल्म 'अस्सी' के प्रचार के सिलसिले में भगवान शिव की नगरी काशी पहुंचे। गंगा की लहरों और घाटों की आभा के बीच जीशान ने न केवल अपनी फिल्म की बारीकियों पर चर्चा की, बल्कि वाराणसी के साथ अपने पुराने और आत्मीय जुड़ाव को भी साझा किया।
"बनारस सिर्फ शहर नहीं, एक अहसास है"
पत्रकारों से बातचीत के दौरान जीशान अय्यूब भावुक नजर आए। उन्होंने कहा, "वाराणसी मेरे सबसे पसंदीदा शहरों की फेहरिस्त में सबसे ऊपर है। यहाँ का आध्यात्मिक माहौल और यहाँ के लोगों का अल्हड़पन मुझे बार-बार खींच लाता है। काशी की गलियों में जो सुकून और ऊर्जा है, वह दुनिया के किसी अन्य कोने में मिलना नामुमकिन है।" उन्होंने खुशी जताते हुए कहा कि फिल्म 'अस्सी' के बहाने उन्हें एक बार फिर अपनों के बीच आने का अवसर मिला है।
फिल्म नहीं, एक 'अनिवार्य' संदेश: जीशान
अपनी नई फिल्म 'अस्सी' के विषय पर बात करते हुए अभिनेता ने इसे महज मनोरंजन से इतर एक 'जरूरी फिल्म' करार दिया। जीशान ने जोर देते हुए कहा कि मौजूदा दौर में ऐसी फिल्मों का निर्माण और प्रसार अनिवार्य है जो समाज को आईना दिखा सकें।
प्रमुख बिंदु जो उन्होंने साझा किए:
सामूहिक दर्शन की अपील: जीशान ने अपील की कि यह फिल्म केवल अकेले देखने के लिए नहीं, बल्कि परिवार और दोस्तों के साथ बैठकर चर्चा करने के लिए बनाई गई है।
धरातल की कहानी: फिल्म 'अस्सी' के कथानक में सामाजिक ताने-बाने और मानवीय रिश्तों की गहरी परतों को छुआ गया है।
दो टूक (पूर्वांचल समाचार):
काशी और 'अस्सी' का रिश्ता वैसे भी सदियों पुराना और अटूट है। ऐसे में फिल्म का नाम और वाराणसी का ये प्रमोशन फिल्म की सफलता की नींव रख सकता है।
